नोएडा। सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर मृदुल तिवारी की लैंबॉर्गिनी कार से टेस्ट ड्राइव के दौरान एक दर्दनाक हादसा हो गया। सेक्टर-94 स्थित चरखा गोलचक्कर के पास फुटपाथ पर बैठे दो श्रमिकों को तेज रफ्तार से आ रही कार ने टक्कर मार दी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने कार चालक को हिरासत में लेकर वाहन को कब्जे में ले लिया है।
घटना का विवरण
रविवार रात को नोएडा के सेक्टर-94 में चरखा गोलचक्कर के पास यह हादसा हुआ। लैंबॉर्गिनी कार चला रहा युवक राजस्थान के अजमेर निवासी 23 वर्षीय दीपक कुमार था, जो गाड़ियों का ब्रोकर है। वह इटावा के मूल निवासी और प्रसिद्ध यूट्यूबर मृदुल तिवारी से कार खरीदने के लिए आया था। दीपक ने कार की टेस्ट ड्राइव लेते समय नियंत्रण खो दिया, जिससे फुटपाथ पर बैठे दो मजदूर उसकी चपेट में आ गए।
घटना में झारखंड निवासी रंभू और डीजैन रविदास गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
मौके पर भीड़ ने पकड़ा आरोपी चालक
हादसे के बाद दीपक कुमार मौके से भागने की कोशिश कर रहा था, लेकिन स्थानीय लोगों ने उसे पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने कार को कब्जे में ले लिया है और चालक से पूछताछ की जा रही है।
मृदुल तिवारी के पास कई लग्जरी कारें
पुलिस के अनुसार, जिस लैंबॉर्गिनी कार से हादसा हुआ, वह सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर मृदुल तिवारी की है। मृदुल नोएडा के सुपरनोवा सोसाइटी में रहते हैं और उनके पास कई लग्जरी कारें हैं। ब्रोकर दीपक कुमार मृदुल से यह कार खरीदने आया था और टेस्ट ड्राइव के दौरान यह घटना हो गई।
मृदुल तिवारी: एक लोकप्रिय यूट्यूबर
मृदुल तिवारी भारत के शीर्ष यूट्यूबर्स में से एक हैं। उनके यूट्यूब चैनल पर 1.87 करोड़ सब्सक्राइबर हैं, जबकि इंस्टाग्राम पर 30 लाख से अधिक फॉलोअर्स हैं। मृदुल को यूट्यूब ने सिल्वर, गोल्ड और डायमंड प्ले बटन से सम्मानित किया है।
पुलिस करेगी मृदुल से पूछताछ
पुलिस का कहना है कि हादसे में इस्तेमाल हुई कार मृदुल की है, इसलिए उनसे भी पूछताछ की जा सकती है। हालांकि, अब तक मजदूरों के परिवार की ओर से कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। पुलिस ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
लैंबॉर्गिनी की कीमत करोड़ों में
जिस लैंबॉर्गिनी कार से हादसा हुआ, उसकी कीमत भारत में चार करोड़ रुपये से नौ करोड़ रुपये तक है। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर मृदुल तिवारी की आलोचना हो रही है, वहीं कई लोग घायल श्रमिकों के लिए न्याय की मांग कर रहे हैं।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार गाड़ियों की लापरवाही को उजागर करता है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और मृदुल तिवारी से भी पूछताछ की संभावना जताई जा रही है। घायल मजदूरों का इलाज जारी है, और पुलिस की कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।

