Headlines

गाजीपुर में प्रशासनिक सख्ती: सात लेखपाल निलंबित, पांच संविदा कर्मचारियों पर FIR, सीडीओ के स्टेनो का तबादला

THE KN News | 09 अप्रैल 2025 | गाजीपुर

गाजीपुर जिले में जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने आय प्रमाणपत्र जारी करने में सामने आई अनियमितताओं के मामले में सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। इस कार्रवाई में जिले के विभिन्न तहसीलों के सात लेखपालों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। वहीं, जखनियां तहसील में तैनात पांच संविदा ऑपरेटरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश भी जारी किया गया है।

जिलाधिकारी ने यह कदम प्रकाशित एक रिपोर्ट को गंभीरता से लेते हुए उठाया। रिपोर्ट में आय प्रमाणपत्रों के फर्जीवाड़े की जानकारी दी गई थी, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया। डीएम ने सदर, जमानिया, जखनियां, सैदपुर और कासिमाबाद तहसीलों से संबंधित लेखपालों पर गाज गिराई है। इसमें कासिमाबाद के तीन लेखपाल शामिल हैं।

इसके अलावा, पांचों संबंधित तहसीलों के तहसीलदारों से मामले में स्पष्टीकरण मांगा गया है। वहीं, मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) संतोष कुमार वैश्य के स्टेनो राधेश्याम यादव का स्थानांतरण जमानिया तहसील कर दिया गया है। जांच में यह बात भी सामने आई कि स्टेनो की बेटी पूजा यादव की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पद पर नियुक्ति संदिग्ध तरीके से की गई थी।

पूजा के पति अजीत यादव जौनपुर जिले में सरकारी शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं, इसके बावजूद पूजा ने अपनी वार्षिक आय मात्र 42,000 रुपये दर्शाई थी। ग्रामीणों की शिकायत के बाद मामला उजागर हुआ और पूजा ने तत्काल प्रभाव से पद से त्यागपत्र दे दिया।

जिले में आंगनबाड़ी भर्ती के दौरान कुल 14 ऐसे संदिग्ध प्रमाणपत्र सामने आए हैं, जिनमें शिक्षकों, पुलिस कर्मियों, प्रधानों और कोटेदारों के परिजनों के नाम शामिल हैं। अब इन सभी नियुक्तियों को होल्ड कर जांच शुरू कर दी गई है।

THE KN News की रिपोर्ट

Don’t miss these tips!

We don’t spam! Read our privacy policy for more info.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *