जौनपुर उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। जौनपुर जिले के परियावा गाँव निवासी राजेश यादव नाटे की गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस घटना को बदमाशों ने रात 8 बजे अंजाम दिया, जब वे अपनी बाइक से एक निमंत्रण में शामिल होने जा रहे थे।
हत्या का निर्मम तरीका
मिली जानकारी के अनुसार, हत्यारों ने राजेश यादव के सिर को धड़ से अलग कर दिया, जिससे यह घटना और भी भयावह हो गई। इस जघन्य अपराध ने इलाके में सनसनी फैला दी है और स्थानीय लोग भयभीत हैं।
क्या यूपी में अपराधी बेखौफ हैं?
राज्य सरकार भले ही कानून-व्यवस्था को लेकर सख्त कदम उठाने की बात कर रही हो, लेकिन आए दिन इस तरह की घटनाएं कानून-व्यवस्था की पोल खोल रही हैं। अपराधियों का इतना दुस्साहस कि वे खुलेआम सड़क पर हत्या को अंजाम दे रहे हैं, यह दर्शाता है कि कहीं न कहीं प्रशासन की नाकामी है।
जनता में आक्रोश, लेकिन न्याय की उम्मीद?
इस घटना के बाद लोगों में आक्रोश है। स्थानीय लोग सवाल कर रहे हैं कि क्या सच में यूपी से अपराधी भाग चुके हैं या वे अब भी खुलेआम वारदातों को अंजाम दे रहे हैं? यह जौनपुर की पहली घटना नहीं है और शायद अंतिम भी नहीं होगी।
अब सवाल यह है कि इस हत्या की जवाबदेही किसकी होगी? प्रशासन की, सरकार की, या फिर उस सिस्टम की जो अपराधियों को बेखौफ घूमने की छूट दे रहा है? जनता को जवाब चाहिए और उम्मीद है कि पुलिस जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करेगी।

