जौनपुर।
उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में शनिवार रात को दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जब पशु तस्करों ने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ते हुए पिकअप से हेड कांस्टेबल दुर्गेश सिंह को कुचलकर हत्या कर दी। यह घटना चंदवक थाना क्षेत्र के खुज्जी मोड़ पर हुई, जहां पुलिस ने पशु तस्करों की घेराबंदी की थी। बदमाशों की इस नृशंस हरकत के बाद पूरे जिले में हड़कंप मच गया।
‘पुलिस वालों का ड्रामा है, गाड़ी चढ़ा दो’ – तस्करों की बर्बर मानसिकता
पुलिस की एफआईआर के अनुसार, पिकअप सवार बदमाशों ने हेड कांस्टेबल को कुचलते हुए कहा, “पुलिस वालों का रोज का ड्रामा है, इन पर गाड़ी चढ़ाओ तभी सुधरेंगे।” इस बर्बरता से साफ जाहिर होता है कि तस्कर अब न सिर्फ कानून व्यवस्था को चुनौती दे रहे हैं, बल्कि पुलिसकर्मियों की जान लेने से भी नहीं हिचक रहे।
घेराबंदी के बाद मुठभेड़, एक तस्कर ढेर, दो घायल
घटना के बाद हरकत में आई पुलिस ने 15 थानों की टीम के साथ सतमेसरा गांव में रात करीब 3:30 बजे तस्करों की घेराबंदी की। मुठभेड़ में जवाबी फायरिंग के दौरान एक तस्कर सलमान शाह (निवासी मुथरापुर कोठवा, थाना जलालपुर) सीने में गोली लगने से मारा गया। दो अन्य तस्कर, नरेंद्र यादव (रमना चौबेपुर, वाराणसी) और गोलू (टड़िया, थाना अलीनगर, चंदौली) गोली लगने से घायल हुए जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
कैसे हुई घटना? – मिनट दर मिनट विवरण
शनिवार रात लगभग 11:40 बजे आजमगढ़ की तरफ से तेज रफ्तार में आ रही पिकअप को देखकर पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की। पिकअप चालक ने बैरिकेडिंग तोड़ते हुए वाराणसी की ओर भागने की कोशिश की, लेकिन रेलवे क्रॉसिंग पर रास्ता बंद देखकर वाहन को घुमा लिया और वापस खुज्जी मोड़ की ओर लौट आया। वहीं, बैरिकेडिंग से बचने के लिए चालक ने पिकअप को पटरी पर चढ़ा दिया और सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों को टक्कर मारते हुए हेड कांस्टेबल दुर्गेश सिंह को कुचल दिया।
ब्रेन हैमरेज से हुई दुर्गेश सिंह की मौत
घटना के बाद निरीक्षक सत्य प्रकाश सिंह तत्काल दुर्गेश सिंह को ट्रॉमा सेंटर ले गए, लेकिन ब्रेन हैमरेज के कारण उनकी मौत हो गई। रात में ही उपनिरीक्षक कौशल सिंह की तहरीर पर पिकअप के चालक और अन्य साथियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया।
जिलास्तरीय आंकड़े और लचर कार्रवाई
केराकत सर्किल में 59 पशु तस्कर चिन्हित किए गए हैं, जिनमें से 27 केवल केराकत थाने के अंतर्गत आते हैं, लेकिन अब तक किसी पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई। जलालपुर थाने के 16 तस्करों में से पांच को जेल भेजा गया है, जबकि गौराबादशाहपुर के सात में से चार पर ही कार्रवाई हो पाई है। चंदवक में नौ तस्करों में से केवल एक की गिरफ्तारी हुई है।
शहीद को अंतिम विदाई, पुलिस में आक्रोश
चंदौली पुलिस लाइन में शहीद हेड कांस्टेबल दुर्गेश सिंह को पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ कुमार ने श्रद्धांजलि दी। दुर्गेश सिंह की मां का विलाप पूरे पुलिस बल की आंखें नम कर गया।
डॉ. कौस्तुभ कुमार ने बताया, “इन पशु तस्करों ने जलालपुर में एसआई प्रतिमा सिंह सहित चार अन्य पुलिसकर्मियों को भी कुचलने की कोशिश की थी। सभी का इलाज जारी है। ऐसे अपराधियों को किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।”

