वाराणसी।
श्रावण मास नजदीक है और कांवड़ यात्रा को लेकर वाराणसी जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद नजर आ रहा है। शुक्रवार को जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार और अपर पुलिस आयुक्त शिवहरि मीणा ने मोडेला तिराहा से लेकर मोहनसराय तक यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने कहा कि इस बार श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मोहनसराय से मोडेला तिराहा तक की बायीं लेन और सर्विस लेन को कांवड़ियों के लिए आरक्षित किया जाएगा। ताकि पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही, पीडब्ल्यूडी को निर्देश दिया गया कि बैरिकेडिंग मजबूत हो और सभी प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त इंतजाम किए जाएं।
भास्कर पोखरे के निरीक्षण के दौरान मंदिर के महंत ने जानकारी दी कि 80 प्रतिशत से अधिक कांवड़िये यहां रुकते हैं, स्नान करते हैं और भोजन भी करते हैं। इस पर डीएम ने साफ-सफाई, खराब लाइटों की मरम्मत और बैरिकेडिंग कराने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही वाहन पार्किंग की भी समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए मातादीन सुकुल इंटर कॉलेज परिसर का दौरा किया गया। वैकल्पिक पार्किंग व्यवस्था के लिए जगतपुर इंटर कॉलेज पर सहमति बनी है।
डीएम ने अधिकारियों से साफ कहा कि जितने भी कार्य तय किए गए हैं, उन्हें समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। कांवड़ यात्रा के दौरान विशेष रूप से पहले सोमवार और नाग पंचमी के एक दिन पहले भारी भीड़ रहती है, ऐसे में सुरक्षा और सुविधा में कोई कोताही न हो।
निरीक्षण के दौरान एडीएम सिटी आलोक कुमार वर्मा, डीसीपी काशी प्रमोद कुमार, पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता के के सिंह समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
जिला प्रशासन की यह सक्रियता बताती है कि इस बार की कांवड़ यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए वाराणसी प्रशासन पूरी तरह तैयार है।

